महाराजा रणजीत सिंह की पुण्यतिथि पर सिख श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था पाकिस्तान पहुंचा
- इंटरनेशनल
- 21 Jun, 2026 11:52 AM (Asia/Kolkata)
सिख श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था पाकिस्तान पहुंचा; मंत्री रमेश सिंह अरोड़ा और वरिष्ठ अधिकारियों ने वाघा बॉर्डर पर किया भव्य स्वागत
वाघा बॉर्डर, पाकिस्तान अली इमरान चठ्ठा
महाराजा रणजीत सिंह की पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित धार्मिक समारोहों में भाग लेने के लिए 337 भारतीय सिख श्रद्धालुओं का दूसरा जत्था रविवार को वाघा बॉर्डर के रास्ते पाकिस्तान पहुंचा। पाकिस्तानी अधिकारियों, धार्मिक नेताओं और सिख समुदाय के प्रतिनिधियों ने श्रद्धालुओं का गर्मजोशी से स्वागत किया।
स्वागत समारोह की अगुवाई पाकिस्तान सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (PSGPC) के प्रधान एवं पंजाब के अल्पसंख्यक और मानवाधिकार मंत्री सरदार रमेश सिंह अरोड़ा ने की। उनके साथ एवाक्यूई ट्रस्ट प्रॉपर्टी बोर्ड (ETPB) के चेयरमैन कमर-उज़-ज़मान, अतिरिक्त सचिव श्राइन्स नासिर मुश्ताक, उप सचिव श्राइन्स फ़राज़ अब्बास तथा श्राइन्स विभाग और PSGPC के अन्य अधिकारी भी मौजूद थे।
रमेश सिंह अरोड़ा ने श्रद्धालुओं के आगमन पर खुशी व्यक्त करते हुए कहा कि युवा सिख पीढ़ी की बड़ी भागीदारी विशेष रूप से उत्साहजनक है। उन्होंने कहा कि ETPB और PSGPC श्रद्धालुओं की सुविधा और आराम सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं तथा आवास, भोजन, परिवहन और अन्य सुविधाओं के विशेष प्रबंध किए गए हैं।

ETPB चेयरमैन कमर-उज़-ज़मान ने स्वयं सीमा पर पहुंचकर श्रद्धालुओं का स्वागत किया और धार्मिक पर्यटन तथा अंतरधार्मिक सद्भाव को बढ़ावा देने के पाकिस्तान के संकल्प को दोहराया। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान सिख श्रद्धालुओं के लिए शांतिपूर्ण और स्वागतपूर्ण वातावरण उपलब्ध कराता रहेगा।
अतिरिक्त सचिव श्राइन्स नासिर मुश्ताक ने बताया कि सुरक्षा के विशेष इंतजाम किए गए हैं। श्रद्धालुओं के काफिले के साथ रेस्क्यू 1122 की गाड़ियां और एम्बुलेंस तैनात की गई हैं। चिकित्सा सहायता, मिनरल वाटर, परिवहन, आवास, लंगर और स्वास्थ्य सेवाओं की व्यापक व्यवस्था की गई है। वाघा बॉर्डर पर विशेष लंगर का भी आयोजन किया गया।
दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (DSGMC) के प्रतिनिधियों ने पाकिस्तानी सरकार का धन्यवाद करते हुए स्वागत और व्यवस्थाओं की सराहना की। खुशविंदर सिंह भाटिया ने धार्मिक स्वतंत्रता और अंतरधार्मिक सद्भाव को बढ़ावा देने के प्रयासों की प्रशंसा की, जबकि शिरोमणि गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (SGPC) के जत्थेदार ने कहा कि श्रद्धालुओं के लिए हर संभव सुविधा उपलब्ध कराई गई है।
प्रतिनिधिमंडल के सदस्य हरविंदर सिंह ने पाकिस्तान में सिख धार्मिक स्थलों के संरक्षण और रखरखाव के लिए किए जा रहे प्रयासों की सराहना की। अन्य श्रद्धालुओं ने भी वाघा बॉर्डर पर मिले आत्मीय स्वागत को यादगार बताया।
महाराजा रणजीत सिंह की पुण्यतिथि का मुख्य समारोह 29 जून को गुरुद्वारा डेरा साहिब में आयोजित होगा। श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के लिए व्यापक प्रबंध किए गए हैं।
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